राष्ट्रीय

हिंदी दिवस के उपलक्ष्य में हिंदी पखवाड़े का आयोजन...

हिंदी दिवस के उपलक्ष्य में हिंदी पखवाड़े का आयोजन...

डॉ. अनुरुद्ध सुधांशु

हिंदी दिवस के उपलक्ष्य में शिवाजी कॉलेज की राजभाषा कार्यान्वयन समिति एवं हिंदी विभाग के संयुक्त तत्त्वावधान में और शिवाजी कॉलेज के प्राचार्य प्रो. शिव कुमार सहदेव के मार्गदर्शन तथा हिंदी विभागाध्यक्ष प्रो. वीरेंद्र भारद्वाज एवं डॉ. ज्योति शर्मा( संयोजिका, राजभाषा कार्यांवयन समिति) के कुशल निर्देशन में हिंदी पखवाड़े का आयोजन किया गया। जिसमें 14 सितंबर को सृजनात्मक लेखन प्रतियोगिता, पोस्टर निर्माण प्रतियोगिता आदि अंतर्महाविद्यालयी प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। साथ ही  15 सितंबर को शिवाजी कॉलेज के कार्यालयी कर्मचारियों के बीच हिंदी निबंध लेखन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इन प्रतियोगिताओं में भाग लेने हेतु विद्यार्थियों और कर्मचारियों में काफी उत्साह देखने को मिला। इन प्रतियोगिताओं में विभिन्न महाविद्यालयों के सैंकड़ों छात्रों  की उपस्थिति ने हिंदी दिवस समारोह की गरिमा को और अधिक बढ़ाया। इन प्रतियोगिताओं ने हिंदी के व्यावहारिक पक्ष को मजबूत करते हुए छात्रों और कर्मचारियों के बीच राजभाषा हिंदी में काम करने एवं इसे व्यवहार में लाने पर बल दिया। 

इसके सैद्धांतिक एवं तकनीकी पक्ष को समझने एवं व्यावहारिक बनाने के लिए 19 सितंबर 2022 को माइक्रोसॉफ्ट से संबद्ध एवं राष्ट्रपति सम्मान से सम्मानित श्री बालेंदु शर्मा दाधीच ने मुख्य वक्ता एवं प्रस्तोता की भूमिका निभाते हुए हिंदी और आधुनिक तकनीक विषयक कार्यशाला में भाषा को कम्प्यूटर पर व्यावहारिक बनाने हेतु नई युक्तियों एवं टूल्स को समझने एवं व्यवहार में लाने पर बल दिया। इस कार्यशाला में श्री बालेंदु दाधीच ने माइक्रोसॉफ्ट वर्ड पर हिंदी की विविध युक्तियों को आसानी से सीखने और उन पर सहजता से काम करने का आह्वान किया। इस ऑनलाइन कार्यशाला में विभिन्न महाविद्यालयों के सैंकड़ों शिक्षकों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों ने अपनी सहभागिता दी। 

हिंदी पखवाड़े के अंतिम चरण के रूप में 20 सितंबर 2022 को द्विसत्रीय संगोष्ठी एवं कार्यशाला का आयोजन किया गया। प्रथम सत्र में जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय के प्रोफेसर सुधीर प्रताप सिंह ने भारतीय संस्कृति और एकता में हिंदी की भूमिका विषय पर अपनी बात रखी उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति और एकता बिना हिंदी भाषा के अकल्पनीय है। बिना हिंदी भाषा के भारतीय सांस्कृतिक एकता की एकसूत्रता और अखंडता को ही खतरा नहीं अपितु इससे भारतीयता को भी खतरा है। अगले वक्ता के रूप में इंदिरा गाँधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय के उप कुलसचिव श्री आनंद कुमार सोनी ने संघ की राजभाषा नीति एवं पारिभाषिक शब्दावली विषय पर अपनी बात रखते हुए भारत की राजभाषा नीति के संदर्भ में पारिभाषिक शब्दावली को व्यावहारिक बनाने पर बल दिया। श्री आनंद सोनी ने अगले सत्र की कार्यशाला  में यूनिकोड तथा नवीनतम हिंदी टूल्स में हिंदी भाषा को कम्प्यूटर पर व्यावहारिक बनाने पर बल देते हुए नवीनतम हिंदी टूल्स का प्रयोग करते हुए कम्प्यूटर पर हिंदी की नई युक्तियों एवं टूल्स को अपनाने पर बल दिया। shivकॉलेज ने भारतीय संघ की राजभाषा और इसकी व्यावहारिकता को तकनीकसंगत बनाने के उद्देश्य से इस पखवाड़े का आयोजन किया था विभिन्न महाविद्यालयों के विद्यार्थियों, शिक्षकों और कर्मचारियों की बहुसंख्यक सहभागिता एवं उत्साह से पता चलता है कि शिवाजी कॉलेज का हिंदी विभाग और राजभाषा कार्यांवयन समिति अपने उद्देश्य में सफल रही। 

More Photo

    Record Not Found!


More Video

    Record Not Found!


Related Post

Leave a Comments

Name

Contact No.

Email